अंतरराष्ट्रीयराष्ट्रीय
ब्रिक्स (BRICS) शिखर सम्मेलन 2026: दिल्ली में अभूतपूर्व बहुस्तरीय सुरक्षा घेरा
विदेशी राष्ट्राध्यक्षों के आगमन से पूर्व एंटी-ड्रोन सिस्टम, AI निगरानी, स्नाइपर्स और 45,000 जवान तैनात

देश की राजधानी नई दिल्ली में 11 से 13 सितंबर 2026 तक आयोजित होने जा रहे 18वें ब्रिक्स (BRICS) शिखर सम्मेलन के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था को उच्चतम स्तर (Highest Red Alert) पर ला दिया गया है। विश्व के प्रमुख सदस्य देशों, नए विस्तारित राष्ट्रों और आमंत्रित सहयोगी देशों के शीर्ष राष्ट्राध्यक्षों, शासनाध्यक्षों और वैश्विक वित्तीय प्रतिनिधियों के आगमन को देखते हुए केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA), दिल्ली पुलिस, राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPF) ने समूची राष्ट्रीय राजधानी को एक अभेद्य सुरक्षा दुर्ग में तब्दील कर दिया है।
सुरक्षा एजेंसियां मुख्य आयोजन स्थल भारत मंडपम (प्रगति मैदान), इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (IGIA), वीवीआईपी आवागमन मार्गों और मध्य व दक्षिण दिल्ली के 10 प्रमुख पांच सितारा होटलों का चौबीसों घंटे तकनीकी एवं भौतिक सुरक्षा ऑडिट कर रही हैं।
संभावित हवाई खतरों, रिमोट-कंट्रोल ड्रोन्स और अज्ञात यूएवी (UAV) हमलों को बेअसर करने के लिए रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) और भारतीय सेना द्वारा विकसित अत्याधुनिक एंटी-ड्रोन सिस्टम (Anti-Drone Systems) रणनीतिक स्थानों पर सक्रिय कर दिए गए हैं। साथ ही, उत्तर प्रदेश और हरियाणा की अंतरराज्यीय सीमाओं पर साझा सुरक्षा ग्रिड स्थापित कर दिल्ली के हवाई व भू-क्षेत्र को पूरी तरह सुरक्षित कर दिया गया है।
भारत मंडपम के मुख्य प्लेनरी हॉल, लीडर्स लाउंज और द्विपक्षीय वार्ता कक्षों में केवल वही लोग प्रवेश कर सकते हैं जिनके पास विदेश मंत्रालय द्वारा जारी डिजिटल बायोमेट्रिक कार्ड हैं। इस क्षेत्र की आंतरिक सुरक्षा की कमान नेशनल सिक्योरिटी गार्ड (NSG) के ब्लैक कैट कमांडो और स्पेशल प्रोटेक्शन विंग के अधिकारियों के हाथों में है।
सम्मेलन परिसर की बाउंड्री वॉल, प्रवेश द्वारों और होटलों की लॉबी में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) की वीआईपी सुरक्षा शाखा और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) के जवान तैनात हैं। यहां डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर (DFMD), अंडर-व्हीकल सर्विलांस सिस्टम (UVSS) और प्रशिक्षित स्निफर डॉग्स के जरिए प्रत्येक वस्तु की तीन बार जांच की जा रही है। प्रगति मैदान, रिंग रोड, मथुरा रोड और मध्य दिल्ली के तमाम चौराहों पर दिल्ली पुलिस के स्थानीय जवान और त्वरित प्रतिक्रिया दल (QRT) तैनात हैं। किसी भी अनाधिकृत वाहन या पैदल यात्री को सुरक्षा घेरे के 500 मीटर के दायरे में फटकने नहीं दिया जा रहा है।
प्रगति मैदान के आसपास स्थित सरकारी कार्यालयों, सुप्रीम कोर्ट परिसर, विकास मीनार और लुटियंस दिल्ली के मंत्रालयों की छतों पर विशेष स्नाइपर दस्ते तैनात किए गए हैं। ये स्नाइपर्स नाइट-विजन और थर्मल इमेजिंग स्कोप से लैस हैं। दिल्ली पुलिस की विशेष हथियार एवं रणनीति (SWAT) यूनिट जिसमें प्रशिक्षित महिला कमांडो भी शामिल हैं अत्याधुनिक टैवोर असॉल्ट राइफलों और ग्लॉक पिस्तौलों के साथ प्रमुख मार्गों पर बख्तरबंद वाहनों में लगातार पेट्रोलिंग कर रही है।
किसी भी अप्रत्याशित चिकित्सीय या आकस्मिक संकट से निपटने के लिए दिल्ली के शीर्ष अस्पतालों और आपदा प्रबंधन तंत्र को हाई अलर्ट पर रखा गया है एम्स (AIIMS), सफदरजंग, राम मनोहर लोहिया (RML) और लेडी हार्डिंग अस्पताल में वीवीआईपी मरीजों के लिए विशेष आईसीयू बेड, आपातकालीन ऑपरेशन थिएटर और विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीमें चौबीसों घंटे तैनात रहेंगी।
प्रत्येक विदेशी राष्ट्राध्यक्ष के कारकेड में आधुनिक जीवन-रक्षक उपकरणों (Advanced Life Support) से लैस मोबाइल आईसीयू एम्बुलेंस और रक्तदाता समूह साथ चलेंगे। दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) और दिल्ली अग्निशमन सेवा (DFS) ने भारत मंडपम और होटलों के पास विशेष अग्निशमन वाहन, कंक्रीट कटर और रासायनिक-जैविक-परमाणु (CBRN) रक्षा उपकरण तैनात किए हैं।
18वां ब्रिक्स शिखर सम्मेलन 2026 भारत की बढ़ती वैश्विक कूटनीतिक शक्ति, भू-राजनीतिक प्रभाव और आर्थिक नेतृत्व को प्रदर्शित करने का एक ऐतिहासिक अवसर है। दिल्ली सरकार द्वारा 11 सितंबर को स्कूलों और सरकारी कार्यालयों में घोषित अवकाश के साथ-साथ दिल्ली पुलिस, अर्धसैनिक बलों और राष्ट्रीय खुफिया एजेंसियों द्वारा जमीन से लेकर आसमान तक तैयार किया गया यह बहुस्तरीय सुरक्षा चक्र यह सुनिश्चित करता है कि विश्व के शीर्ष नेताओं का जमावड़ा पूरी तरह निर्विघ्न, सुरक्षित और गरिमामयी माहौल में संपन्न हो सके।
कड़े सुरक्षा प्रोटोकॉल, आधुनिकतम तकनीक और नागरिक सहयोग के इस अनूठे समन्वय के साथ देश की राजधानी विश्व पटल पर अपनी सुरक्षा क्षमता और आतिथ्य का एक नया कीर्तिमान स्थापित करने के लिए पूरी तरह तैयार है।



