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उबर (Uber) में बड़े पैमाने पर छंटनी: 3,300 कर्मचारियों की होगी विदाई

2021 के स्तर पर पहुंचेगा वर्कफोर्स, पदानुक्रम घटाने और रोबोटैक्सी-AI में 10 अरब डॉलर के निवेश पर फोकस

वैश्विक मोबिलिटी और फूड डिलीवरी दिग्गज उबर टेक्नोलॉजीज (Uber Technologies, Inc.) ने अपने संगठनात्मक ढांचे में बड़े बदलाव (Company-Wide Restructuring) की घोषणा करते हुए अपने वैश्विक कार्यबल के लगभग 10 प्रतिशत यानी करीब 3,300 कर्मचारियों की छंटनी करने का आधिकारिक फैसला किया है।
इस वर्ष की शुरुआत में कंपनी द्वारा अपनी कस्टमर सर्विस (ग्राहक सहायता) और मानव संसाधन (People and Places/HR) टीमों में की गई चरणबद्ध कटौतियों के बाद यह 2020 की वैश्विक महामारी के बाद का सबसे बड़ा और व्यापक वर्कफोर्स पुनर्गठन है। इस ताजा दौर की छंटनी के बाद उबर के पूर्णकालिक कर्मचारियों की कुल संख्या घटकर 30,000 से ठीक नीचे आ जाएगी। इसका सीधा अर्थ यह है कि कंपनी का हेडकाउंट मोटे तौर पर वर्ष 2021 के वर्कफोर्स स्तर पर वापस लौट गया है।
उबर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) दारा खोसरोशाही (Dara Khosrowshahi) ने बुधवार को सभी कर्मचारियों को भेजे एक विस्तृत और स्पष्ट आंतरिक ईमेल में इस पुनर्गठन की पुष्टि की। उन्होंने साफ किया कि यह छंटनी किसी वित्तीय संकट या कारोबारी नाकामी के चलते नहीं, बल्कि पिछले 5 वर्षों के तेज विस्तार के कारण उपजी कॉर्पोरेट जटिलताओं को समाप्त करने, प्रबंधन के स्तरों (Management Layers) को 20% तक कम करने, निर्णय लेने की प्रक्रिया को तेज करने और ऑटोनॉमस व्हीकल्स (रोबोटैक्सी) व आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में 10 अरब डॉलर से अधिक का निवेश सुनिश्चित करने के लिए की जा रही है।
उबर के कर्मचारियों को 2 सितंबर को भेजे गए आधिकारिक ज्ञापन में मुख्य कार्यकारी अधिकारी दारा खोसरोशाही ने इस कड़े फैसले की पृष्ठभूमि और रणनीतिक तर्कों को विस्तार से समझाया:
“पिछले पांच वर्षों में हमारे व्यवसाय ने जिस गति और पैमाने पर विस्तार किया है, उसने कंपनी को वित्तीय रूप से मजबूत और लाभदायक बनाया है। लेकिन यह भी एक निर्विवाद सत्य है कि इस तीव्र वृद्धि ने हमारे भीतर भारी संरचनात्मक जटिलताएं भी पैदा कर दी हैं अनावश्यक पदानुक्रम, अंतहीन समन्वय बैठकें, खंडित स्वामित्व और ऐसे संगठनात्मक ढांचे जो तब तो पूरी तरह सही थे जब हमारे व्यवसाय छोटे और शुरुआती चरण में थे, लेकिन आज हमारे मौजूदा वैश्विक पैमाने पर वे काम में रुकावट बन रहे हैं।
हमारा प्राथमिक उद्देश्य उबर को एक बार फिर सरल, तेज, चुस्त और अधिक नवप्रवर्तनकारी बनाना है। यह फैसला लेना हमारे लिए किसी भी दृष्टिकोण से आसान नहीं था और हम इस बात से भली-भांति अवगत हैं कि इसका हमारे समर्पित साथियों पर क्या असर पड़ेगा। लेकिन जो लोग वास्तव में उत्पाद बना रहे हैं, कोड लिख रहे हैं और मैदान पर काम कर रहे हैं, उनके और अंतिम निर्णय लेने वाले नेतृत्व के बीच की दूरी को कम करने के लिए यह पुनर्गठन अपरिहार्य हो चुका था।
इस प्रक्रिया से प्राप्त होने वाली परिचालन बचत को हम सीधे तौर पर अपने दीर्घकालिक भविष्य में पुनर्निवेशित करेंगे—जिसमें हमारे ड्राइवर्स, कूरियर्स, मर्चेंट्स और सबसे महत्वपूर्ण, ऑटोनॉमस मोबिलिटी व अगली पीढ़ी की तकनीकों में हमारा विस्तार शामिल है। वामोस उबर!”
उबर में 3,300 कर्मचारियों की यह ताजा छंटनी अचानक हुआ कोई अकेला घटनाक्रम नहीं है, बल्कि यह पिछले कई महीनों से चल रहे लागत अनुकूलन और ऑटोमेशन अभियान का चरमोत्कर्ष है वर्ष 2026 की पहली छमाही में उबर ने अपने ‘पीपल एंड प्लेसेज’ (People and Places) डिवीजन में लगभग 23% पदों को समाप्त किया था। इस डिवीजन में मानव संसाधन (HR), टैलेंट एक्विजिशन (भर्ती), वर्कप्लेस ऑपरेशंस और कॉर्पोरेट कल्चर से जुड़ी टीमें शामिल थीं। उस समय कंपनी के लगभग 34,000 कर्मचारियों में से इस कटौती ने सैकड़ों कर्मचारियों को प्रभावित किया था।
इसके बाद कंपनी ने अपनी वैश्विक ग्राहक सहायता टीमों में 10% की कटौती की। उबर ने अपने प्लेटफॉर्म पर जेनरेटिव एआई और लार्ज लैंग्वेज मॉडल्स (LLMs) पर आधारित ऑटोमेटेड कस्टमर रेजोल्यूशन टूल्स को बड़े पैमाने पर लागू किया, जिसके चलते बुनियादी टिकटिंग, रिफंड और शिकायत निवारण के लिए इंसानी एजेंटों की आवश्यकता में भारी कमी आई।
ताजा दौर की यह कटौती केवल निचले स्तर के सपोर्ट स्टाफ तक सीमित नहीं है, बल्कि इसने उत्पाद विकास (Product), सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग, डेटा साइंस और कॉर्पोरेट मध्य-प्रबंधन (Middle Management) की रीढ़ पर सीधा प्रहार किया है। उबर ने पाया कि कंपनी में ऐसे प्रबंधकों की संख्या बहुत बढ़ गई थी जिनके अधीन केवल एक या दो लोग काम कर रहे थे। नए ढांचे के तहत प्रबंधकों की कुल संख्या 20% घटाई जा रही है। कई प्रबंधकों को नौकरी से निकालने के बजाय उन्हें ‘इंडिविजुअल कंट्रीब्यूटर’ (IC) की भूमिका में स्थानांतरित किया गया है, जहां वे लोगों का प्रबंधन करने के बजाय स्वयं कोड लिखने, सिस्टम डिजाइन करने या विश्लेषण करने का काम करेंगे।
उबर के आंतरिक विश्लेषण में यह सामने आया कि कंपनी भर में सैकड़ों ऐसी ‘माइक्रो-टीम्स’ (Micro-Teams) सक्रिय थीं, जिनमें केवल 1 या 2 सदस्य थे। इन छोटी टीमों के कारण क्रॉस-फंक्शनल समन्वय में हफ्तों का समय बर्बाद होता था। कंपनी ने इन माइक्रो-टीम्स की संख्या में लगभग 50% की कटौती कर दी है और उन्हें बड़ी, उद्देश्य-उन्मुख कोर टीमों में समाहित कर दिया है।
सीईओ दारा खोसरोशाही से नीचे काम करने वाले स्तरों की संख्या को सीमित किया जा रहा है। कंपनी ने विशेष रूप से उन भूमिकाओं को 20% तक घटा दिया है जो सीईओ से 7 या उससे अधिक लेयर नीचे बैठती थीं। इसका सीधा उद्देश्य यह है कि शीर्ष नेतृत्व और जमीनी स्तर के इंजीनियरों व उत्पाद प्रबंधकों के बीच न्यूनतम नौकरशाही रहे।
पहले रेस्टोरेंट डिलीवरी (Uber Eats), किराना व रिटेल डिलीवरी (Grocery & Retail) और मर्चेंट डायरेक्ट डिलीवरी (Uber Direct) के लिए अलग-अलग ऑपरेशंस और बिजनेस डेवलपमेंट टीमें काम कर रही थीं। अब इन तीनों को मिलाकर एक एकल एकीकृत डिलीवरी ऑपरेशंस टीम बना दिया गया है। कोर सर्विसेज इंजीनियरिंग और डेटा साइंस टीमों का आपस में विलय कर दिया गया है ताकि एल्गोरिद्म विकास और बुनियादी ढांचा प्रबंधन एक ही कमान के तहत चले।
कंपनी ने घोषणा की है कि आगे चलकर उसके कुल कार्यबल का केवल लगभग 1 प्रतिशत हिस्सा ही पूरी तरह रिमोट काम कर सकेगा। वैश्विक उत्पाद और तकनीकी टीमों को मुख्य रूप से सैन फ्रांसिस्को और न्यूयॉर्क जैसे प्रमुख हब्स में केंद्रित किया जाएगा। क्षेत्रीय और देश-स्तरीय टीमों को उनके संबंधित क्षेत्रीय मुख्यालयों (जैसे भारत में हैदराबाद और बेंगलुरु) में उपस्थित रहना होगा। कंपनी ने दोहराया कि सप्ताह में न्यूनतम 3 दिन इन-पर्सन कार्यालय में काम करने की नीति पूरी सख्ती से लागू रहेगी। प्रबंधन का मानना है कि जटिल तकनीकी समस्याओं और ऑटोनॉमस सिस्टम्स के विकास के लिए आमने-सामने बैठकर सहयोग करना आवश्यक है।
उबर ने स्पष्ट किया है कि 3,300 कर्मचारियों की छंटनी से बचने वाली करोड़ों डॉलर की पूंजी को कंपनी अपने सबसे बड़े सामरिक भविष्य ऑटोनॉमस व्हीकल्स (AVs) और रोबोटैक्सी में झोंकने जा रही है उबर ने आगामी वर्षों में रोबोटैक्सी और ऑटोनॉमस वाहन साझेदारियों के लिए 10 बिलियन डॉलर (10 अरब डॉलर से अधिक) की पूंजी आवंटित करने की सार्वजनिक प्रतिबद्धता जताई है।
कंपनी स्वयं गाड़ियां बनाने के बजाय दुनिया भर के अग्रणी ऑटोनॉमस वाहन निर्माताओं के लिए सबसे बड़ा ‘डिमांड और फ्लीट प्लेटफॉर्म’ बनना चाहती है।
स्वायत्त डिलीवरी पॉड्स और सिडवॉक रोबोट्स के लिए व्यापक साझेदारी प्रीमियम इलेक्ट्रिक रोबोटैक्सी फ्लीट को उबर नेटवर्क पर लाने के लिए रणनीतिक सहयोग। स्थानीय किराना और पार्सल डिलीवरी के लिए ऑटोनॉमस डिलीवरी वाहनों का एकीकरण। कस्टम-डिजाइन की गई इलेक्ट्रिक और सेमी-ऑटोनॉमस राइड-हेलिंग फ्लीट के लिए निवेश और साझेदारी।
सीईओ खोसरोशाही ने यह भी रेखांकित किया कि बचत राशि का एक बड़ा हिस्सा प्लेटफॉर्म पर काम करने वाले लाखों पारंपरिक ड्राइवर्स, डिलीवरी पार्टनर्स और छोटे रेस्तरां मर्चेंट्स को बेहतर प्रोत्साहन, तकनीकी टूल्स और आय सुरक्षा प्रदान करने में खर्च किया जाएगा।
उबर का यह कदम वैश्विक तकनीकी उद्योग (Silicon Valley & Global Tech) में चल रहे व्यापक संरचनात्मक बदलाव का हिस्सा है अतीत में कंपनियां घाटे या मंदी के समय छंटनी करती थीं। उबर का वित्तीय प्रदर्शन और फ्री कैश फ्लो वर्तमान में ऐतिहासिक उच्च स्तर पर है। इसके बावजूद छंटनी यह दर्शाती है कि आधुनिक टेक कंपनियां अब शेयरधारकों के दबाव में मार्जिन और पूंजी दक्षता (Capital Efficiency) को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही हैं। मेटा, गूगल और माइक्रोसॉफ्ट के नक्शेकदम पर चलते हुए उबर ने भी यह स्वीकार किया है कि महामारी के दौरान जरूरत से ज्यादा भर्ती (Over-hiring) ने संगठनों को धीमा और बोझिल बना दिया था।
छंटनी और पदानुक्रम को सरल बनाने की खबर सामने आने के बाद न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज (NYSE) पर प्री-मार्केट ट्रेडिंग में उबर के शेयरों में लगभग 1.7% की तेजी दर्ज की गई, जो इस बात का प्रमाण है कि वॉल स्ट्रीट कंपनी के इस अनुशासनात्मक कदम का समर्थन कर रहा है।
उबर का अपने कार्यबल को घटाकर 30,000 से नीचे ले जाना और 2021 के आकार पर लौटना किसी पराजय का नहीं, बल्कि कॉर्पोरेट परिपक्वता और रणनीतिक पुनर्संयोजन का प्रतीक है।
3,300 कर्मचारियों की विदाई निस्संदेह प्रभावित परिवारों के लिए एक कठिन मोड़ है, लेकिन संगठनात्मक पदानुक्रम को सपाट (Flat) कर, अनावश्यक माइक्रो-टीम्स को समाप्त कर और रिमोट वर्क से हटकर ऑफिस हब्स पर ध्यान केंद्रित करके उबर ने स्पष्ट संकेत दिया है कि वह एक पारंपरिक ऐप-आधारित टैक्सी कंपनी बनकर नहीं रहना चाहती।
बचत की जाने वाली पूंजी को रोबोटैक्सी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और स्वायत्त मोबिलिटी के 10 अरब डॉलर के विजन में लगाकर उबर ने अगली सदी की परिवहन क्रांति में खुद को सबसे आगे रखने की पुख्ता तैयारी कर ली है।

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